शिक्षा का दीप
Motivational poem
शिक्षा का दीप
बच्चों सभी आगे आओ
मिल शिक्षा का दीप जलाओ
भारत के कोने-कोने से
अशिक्षा को दूर भगाओ
स्वयं को पहचानो
अंधकार से लड़ो
बच्चों सभी आगे आओ
मिल शिक्षा का दीप जलाओ
शिक्षा मिटाती अंधियारा
जीवन में लाती उजियारा
शिक्षा अनमोल रत्न है
सबको बतलाओ
बच्चों सभी आगे आओ
मिल शिक्षा का दीप जलाओ
बोलो शिक्षा की जयकार
जीवन में आएगी बहार
जिस दिन सब हो जाए शिक्षित
हो शिक्षा महोत्सव का त्यौहार
बच्चों सभी आगे आओ
मिल शिक्षा का दीप जलाओ
विकास के पथ पर चलना है
मिटाना है नफरत सारी
सपना सबका एक हो
नर हो या नारी
बच्चों सभी आगे आओ
मिल शिक्षा का दीप जलाओ
अनिता मंदिलवार सपना
( साहित्यकार)
एम•एस•सी (वनस्पति शास्त्र), एम•ए• (हिन्दी एवं अंग्रेजी साहित्य), बी• एड, पीजीडीसीए
व्याख्याता, (जीव विज्ञान )
शा• उ• मा• वि• असोला
अंबिकापुर सरगुजा छत्तीसगढ़

उत्कृष्ट रचना
ReplyDeleteवाह अनिता जी
ReplyDeleteधन्यवाद । आपका।नाम।नहीं दिखा रहा ।
ReplyDeleteवाह वाहहहहह बहुत सुंदर ,प्रेरक रचना। बहुत बहुत बधाई।
ReplyDeleteधन्यवाद आदरणीय जी
Deleteबहुत सुंदर सर्जन
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